भारत-अमेरिका संयुक्त सैन्य अभ्यास युद्ध अभ्यास 2026 औली और महाजन में शुरू
भारत-अमेरिका संयुक्त सैन्य अभ्यास युद्ध अभ्यास का 22वां संस्करण उत्तराखंड के औली विदेशी प्रशिक्षण केंद्र में शुरू हुआ। इस अभ्यास में प्रत्येक देश के 600 कर्मी भाग ले रहे हैं और यह औली तथा राजस्थान की महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में एक साथ संचालित हो रहा है। इसका उद्देश्य पहाड़ी इलाकों में संयुक्त सैन्य क्षमता बढ़ाना, अंतरसंचालनीयता को मजबूत करना और ड्रोन तथा स्वायत्त प्रणालियों सहित प्रौद्योगिकी पर ध्यान केंद्रित करना है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
यूपीएससी, राज्य पीएससी और रक्षा भर्ती परीक्षाओं में भारत-अमेरिका सैन्य सहयोग, अभ्यास नामकरण और रक्षा बुनियादी ढांचे के स्थानों के ज्ञान के लिए प्रासंगिक।
सरल शब्दों में
भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका ने प्रत्येक देश के 600 सैनिकों के साथ 22वां युद्ध अभ्यास आयोजित किया। यह अभ्यास दो स्थानों पर हुआ: उत्तराखंड में औली और राजस्थान में महाजन, जो पहाड़ी और अर्ध-पहाड़ी क्षेत्रों में सैन्य संचालन पर केंद्रित था।
मुख्य लक्ष्य दोनों सेनाओं के बीच सहयोग में सुधार करना, युद्ध तकनीकें साझा करना और ड्रोन तथा स्वायत्त प्रणालियों जैसी नई प्रौद्योगिकियों का परीक्षण करना था। दोनों सेनाओं के विषय विशेषज्ञों ने उभरती युद्ध प्रौद्योगिकियों और बहु-डोमेन संचालन पर भी चर्चा की।
मुख्य बिंदु
- भारत-अमेरिका संयुक्त सैन्य अभ्यास युद्ध अभ्यास का 22वां संस्करण
- उत्तराखंड के औली विदेशी प्रशिक्षण केंद्र में उद्घाटन समारोह आयोजित
- औली और राजस्थान की महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में एक साथ संचालित
- प्रत्येक देश से 600 कर्मी भाग ले रहे हैं
- पहाड़ी और अर्ध-पहाड़ी इलाकों में एकीकृत युद्ध समूहों पर ध्यान
- पैदल सेना-प्रधान संचालन पर जोर
- निगरानी और टोही के लिए ड्रोन और स्वायत्त प्रणालियों सहित प्रौद्योगिकी का समावेश
- विषय विशेषज्ञ उभरती प्रौद्योगिकियों और बहु-डोमेन युद्ध पर विचार विनिमय करेंगे
परीक्षा दृष्टिकोण
A. उत्तराखंड में औली विदेशी प्रशिक्षण केंद्र और राजस्थान में महाजन फील्ड फायरिंग रेंज
Source: Press Information Bureau