केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने मुंबई में हिंदी दिवस 2026 और छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित किया
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने मुख्य अतिथि के रूप में मुंबई में हिंदी दिवस 2026 और छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रशिक्षण कार्यक्रमों का उद्घाटन किया, राजभाषा पुरस्कार प्रदान किए और 'हिंदी Shabd-Sindhu' शब्दकोश सहित कई प्रकाशनों का विमोचन किया।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
यह प्रेस विज्ञप्ति राष्ट्रीय राजभाषा नीतियों, सम्मेलनों, पुरस्कारों और शैक्षिक मील के पत्थरों से संबंधित तथ्य प्रदान करती है जो प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उपयोगी हो सकते हैं।
सरल शब्दों में
केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने मुंबई में हिंदी दिवस 2026 और छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन में हिस्सा लिया। उन्होंने डिजिटल उपकरणों का शुभारंभ किया, 'वंदे मातरम' पर आधारित प्रकाशन जारी किए और वीर सावरकर के भाषाई योगदान को रेखांकित किया।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत प्राथमिक शिक्षा में मातृभाषा अनिवार्य है और बताया कि जेईई (JEE) और नीट (NEET) जैसी परीक्षाएं अब 13 भाषाओं में आयोजित की जाती हैं।
मुख्य बिंदु
- केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने मुंबई में हिंदी दिवस 2026 और छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन में भाग लिया।
- हिंदी वर्ड प्रोसेसिंग, टाइपिंग और शॉर्टहैंड में प्रशिक्षण कार्यक्रमों का उद्घाटन किया गया।
- राजभाषा कीर्ति पुरस्कार और राजभाषा गौरव पुरस्कार प्रदान किए गए।
- 'शिव अनादि हैं, अनंत हैं', 'भारतीय ज्ञान तंत्र' और 'राजभाषा भारती' के विशेष संस्करण जैसे प्रकाशन जारी किए गए।
- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री देवेंद्र फडणवीस और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
- एआई-आधारित 'कंठस्थ 2.0' प्लेटफॉर्म और 'हिंदी शब्द-सिंधु' शब्दकोश पर चर्चा की गई।
- जेईई और नीट जैसी प्रवेश परीक्षाएं अब 13 भाषाओं में आयोजित की जाती हैं।
- 14 सितंबर 1949 को हिंदी को राजभाषा के रूप में अपनाया गया था।
परीक्षा दृष्टिकोण
A. मुंबई
Source: Press Information Bureau